अब सिर्फ कमांड दीजिए, काम खुद करेगा Gemini AI, स्क्रीन ऑटोमेशन फीचर से बदल जाएगा यूज़र एक्सपीरियंस
Gemini AI to Interact with Apps Using Screen Automation for Daily Tasks

Gemini AI के जरिए ऐप्स पर सीधे एक्शन लेने की तैयारी
आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के क्षेत्र में एक नया बदलाव देखने को मिल सकता है। Gemini AI को अब सिर्फ चैटिंग, इमेज जनरेशन या सवालों के जवाब देने तक सीमित नहीं रखा जा रहा है। आने वाले समय में यह यूज़र के कहने पर रोजमर्रा के कई काम खुद पूरा कर सकेगा। राइड बुकिंग से लेकर फूड ऑर्डर करने जैसे टास्क अब यूज़र को खुद ऐप खोलकर नहीं करने पड़ेंगे, बल्कि Gemini AI यूज़र की कमांड पर ऐप्स के साथ सीधे इंटरैक्ट करेगा।
स्क्रीन ऑटोमेशन फीचर से बदलेगा काम करने का तरीका
इस नई क्षमता के पीछे जिस टेक्नोलॉजी पर काम हो रहा है, उसे स्क्रीन ऑटोमेशन कहा जा रहा है। यह फीचर Gemini AI को यूज़र की ओर से मोबाइल स्क्रीन पर मौजूद ऐप्स के साथ इंटरैक्ट करने की अनुमति देगा। मतलब यूज़र को सिर्फ यह बताना होगा कि क्या करना है, उसके बाद Gemini AI संबंधित ऐप खोलकर जरूरी स्टेप्स खुद पूरा करेगा। इससे बार-बार ऐप खोलने, मेनू स्क्रॉल करने और ऑप्शन ढूंढने की झंझट खत्म हो सकती है।
Google App के बीटा वर्जन में मिला फीचर का संकेत
इस अपकमिंग फीचर का जिक्र Google App के 17.4 बीटा वर्जन में देखा गया है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, इंटरनल डेवलपमेंट के दौरान इस फीचर को “bonobo” कोडनेम दिया गया है। यह सिस्टम स्क्रीन पर मौजूद उन ऐप्स को पहचान सकेगा, जो इस फीचर के लिए सपोर्टेड होंगे, और फिर यूज़र के निर्देश के अनुसार उनमें एक्शन ले सकेगा।
राइड बुकिंग से लेकर फूड ऑर्डर तक होगा ऑटोमेशन
स्क्रीन ऑटोमेशन फीचर के जरिए Gemini AI खुद से ऐप लॉन्च कर सकता है और यूज़र की जरूरत के मुताबिक काम पूरा कर सकता है। उदाहरण के तौर पर, अगर यूज़र राइड बुक करने को कहता है तो Gemini AI ऐप ओपन करके डेस्टिनेशन डालने से लेकर राइड कन्फर्म करने तक की प्रक्रिया संभाल सकता है। इसी तरह खाने का ऑर्डर देना, पसंदीदा विकल्प चुनना और ऑर्डर प्लेस करना भी संभव हो सकता है। इससे डिजिटल टास्क पहले के मुकाबले ज्यादा ऑटोमेटेड हो जाएंगे।
गलती की आशंका और यूज़र कंट्रोल पर जोर
हालांकि इस तरह की ऑटोमेशन टेक्नोलॉजी के साथ जोखिम भी जुड़े हुए हैं। कंपनी की ओर से यह संकेत दिया गया है कि सिस्टम से कभी-कभी गलती हो सकती है। इसी वजह से यूज़र को पूरा कंट्रोल दिया जाएगा। अगर किसी भी वक्त यूज़र को लगे कि Gemini AI गलत स्टेप ले रहा है, तो वह तुरंत प्रक्रिया को रोक सकता है और मैनुअल कंट्रोल अपने हाथ में ले सकता है। यह फीचर पूरी तरह यूज़र की अनुमति और निगरानी में ही काम करेगा।
AI ऑटोमेशन की दिशा में बड़ा बदलाव
स्क्रीन ऑटोमेशन फीचर यह संकेत देता है कि AI अब सिर्फ सुझाव देने वाला टूल नहीं रहेगा, बल्कि सीधे एक्शन लेने वाली टेक्नोलॉजी की तरफ बढ़ रहा है। हालांकि, इसका असली असर तभी सामने आएगा जब यह फीचर आम यूज़र्स के लिए रिलीज़ होगा और यह देखा जाएगा कि यह रोजमर्रा के इस्तेमाल में कितना भरोसेमंद साबित होता है।

