चौबेपुर: वाराणसी गाजीपुर राजमार्ग पर तेज रफ्तार डंपर ने युवक को रौंदा, जानलेवा बन चुका है हाईवे
चौबेपुर के मोलनापुर के पास हादसा, अंडरपास न होने से हाईवे पर उतरने को मजबूर ग्रामीण

गाजीपुर–वाराणसी राष्ट्रीय राजमार्ग एक बार फिर जानलेवा साबित हुआ। चौबेपुर थाना क्षेत्र के मोलनापुर ग्राम सभा के पास मंगलवार सुबह तेज रफ्तार डंपर की चपेट में आने से एक युवक की मौके पर ही मौत हो गई। हादसे के बाद इलाके में अफरा तफरी मच गई और कुछ देर के लिए तनाव की स्थिति बन गई।
सुबह की दौड़ बन गई आखिरी सफर
मृतक की पहचान ढाका ग्राम सभा निवासी कमल निषाद के इकलौते पुत्र आकाश के रूप में हुई है। परिजनों के अनुसार आकाश रोज की तरह सुबह दौड़ लगाने के लिए चौबेपुर की ओर जा रहा था। इसी दौरान गाजीपुर की तरफ से आ रहे तेज रफ्तार डंपर ने उसे कुचल दिया। टक्कर इतनी भीषण थी कि आकाश ने घटनास्थल पर ही दम तोड़ दिया।
घटना के बाद ग्रामीणों में आक्रोश
हादसे की खबर मिलते ही आसपास के ग्रामीण मौके पर पहुंच गए। आक्रोशित लोगों ने हाईवे जाम करने की तैयारी शुरू कर दी। सूचना मिलने पर चौबेपुर पुलिस मौके पर पहुंची और ग्रामीणों को समझाकर स्थिति को नियंत्रित किया। इसके बाद पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया।
परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़
ग्रामीणों का कहना है कि आकाश मेहनती और अनुशासित युवक था। वह बेहद गरीब परिवार से ताल्लुक रखता था और अपने विनम्र व्यवहार के कारण पूरे इलाके में जाना पहचाना जाता था। उसकी असमय मौत से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है।
सीसीटीवी फुटेज से आरोपी ड्राइवर की शिनाख्त के प्रयास
घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस मौके पर पहुँची और आक्रोशित लोगों को शांत कराते हुए शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। थानाध्यक्ष इंद्रेश कुमार ने बताया कि हादसे के बाद डंपर चालक वाहन सहित फरार हो गया है, जिसकी पहचान सीसीटीवी फुटेज के आधार पर करने के प्रयास किए जा रहे हैं।
हाईवे की योजना पर फिर उठे सवाल
इस हादसे ने एक बार फिर वाराणसी–गाजीपुर हाईवे की अधूरी और अपरिपक्व योजना को उजागर कर दिया है। स्थानीय लोगों का कहना है कि हाईवे निर्माण के समय ही चौबेपुर और आसपास के घनी आबादी वाले गांवों में अंडरपास की जरूरत थी, लेकिन कई स्थानों पर सीधे रास्ते बंद कर दिए गए।
धार्मिक स्थलों के बावजूद नहीं बने सुरक्षित रास्ते
इसी क्षेत्र में गौरा श्मशान घाट, जैन तीर्थ स्थल चंद्रावती और गौरी शंकर महादेव जैसे प्रमुख धार्मिक स्थल स्थित हैं। ग्रामीणों का कहना है कि यदि इन गांवों को सर्विस रोड से जोड़ते हुए अंडरपास बनाए गए होते, तो स्थानीय लोगों को हाईवे पर उतरने की मजबूरी नहीं होती।
सुरक्षा इंतजामों की मांग
स्थानीय लोगों ने प्रशासन और राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण से मांग की है कि हाईवे पर सुरक्षा इंतजामों की गंभीर समीक्षा की जाए। अंडरपास और सुरक्षित रास्तों के बिना यह मार्ग ग्रामीणों के लिए लगातार खतरा बना रहेगा। आकाश की मौत को लोग सिर्फ एक हादसा नहीं, बल्कि व्यवस्था की बड़ी चूक मान रहे हैं।

