नमो घाट की तरफ जाने वाले रास्ते में अचानक हुआ बड़ा बदलाव, क्या अब खत्म होगी यात्रियों की पुरानी परेशानी?
भीड़ के दबाव के बीच यातायात पुलिस ने उठाया कड़ा कदम, लेकिन एक खास पॉइंट पर अब भी अटकी है रफ्तार।

काशी के सबसे चर्चित पर्यटन स्थलों में शुमार नमो घाट पर उमड़ने वाली सैलानियों की भारी भीड़ और लगातार गहराते ट्रैफिक जाम के संकट को देखते हुए प्रशासन ने एक बेहद महत्वपूर्ण और चौंकाने वाला फैसला लिया है। यातायात पुलिस ने नमो घाट जाने वाले मार्ग की पूरी रूपरेखा को बदलते हुए अब इसे पूरी तरह 'वन वे' घोषित कर दिया है, जिसका सीधा असर यहां आने वाले हजारों वाहन चालकों पर पड़ने वाला है। इस नए बदलाव के पीछे मुख्य मंशा यह है कि घाट के आसपास होने वाली बेतरतीब आवाजाही को रोककर सड़कों पर बढ़ते दबाव को नियंत्रित किया जा सके, जिससे पर्यटकों को घंटों जाम में न जूझना पड़े।
नई व्यवस्था के लागू होने के बाद अब नमो घाट की ओर वाहनों के प्रवेश के लिए एक निश्चित मार्ग तय किया गया है, जबकि निकासी के लिए पूरी तरह अलग रास्ता निर्धारित है। अब वाहन चालक सीधे नमो घाट में प्रवेश तो कर सकेंगे, लेकिन वापसी के लिए उन्हें भैंसासुर घाट के गेट नंबर तीन का उपयोग करना होगा, जहां से गाड़ियां सीधे भदऊ चुंगी की दिशा में मोड़ दी जा रही हैं। यातायात विभाग का मानना है कि इस चक्रीय प्रवाह (Circular Flow) से सड़क पर दोतरफा वाहनों का टकराव कम होगा और आवागमन सुगम हो सकेगा, हालांकि शुरुआती दौर में कई यात्रियों के लिए यह नई रूटिंग भ्रम की स्थिति भी पैदा कर रही है।
इस महत्वाकांक्षी योजना के बावजूद धरातल पर एक नई चुनौती उभरकर सामने आई है, जिसने पुलिस और जनता दोनों की चिंता बढ़ा दी है। भैंसासुर मंदिर के निकट गेट नंबर तीन पर लंबे समय से मौजूद अतिक्रमण इस नए ट्रैफिक प्लान की सफलता के आड़े आ रहा है, क्योंकि निकासी के समय यहीं पर गाड़ियों की गति अचानक धीमी पड़ रही है। संकरी होती सड़क और अवैध कब्जों के कारण भदऊ चुंगी की तरफ जाने वाले वाहनों की कतारें लग रही हैं, जिससे प्रशासन के 'स्मूथ ट्रैफिक' के दावे पर फिलहाल सवालिया निशान लग रहे हैं।
यातायात पुलिस और स्थानीय प्रशासन अब इस समस्या के स्थायी समाधान के लिए अतिक्रमणकारियों के खिलाफ सख्त रुख अपनाने पर विचार कर रहे हैं, ताकि गेट नंबर तीन के पास होने वाली इस बाधा को हमेशा के लिए खत्म किया जा सके। सूत्रों की मानें तो आने वाले दिनों में इस क्षेत्र में विशेष अभियान चलाया जा सकता है ताकि नमो घाट जाने और वहां से निकलने वाले रास्तों पर वाहनों का प्रवाह निर्बाध बना रहे। फिलहाल, प्रशासन आम जनता से इस नए रूट मैप का पालन करने की अपील कर रहा है, ताकि क्षेत्र की संकरी गलियों और मुख्य मार्गों पर अराजक जाम की स्थिति से बचा जा सके।
